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Wednesday 27th of May 2020
History of Islam
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दुआए तवस्सुल

दुआए तवस्सुल
हिमायत / शिफ़ा'अत मांगना शेख़ अबू जाफर  तुसी अपनी किताब मिस्बाह में फरमाते हैं  की इमाम हसन-बिन-अल-अस्करी (अ:स) ने यह दुआ अबू मुहम्मद के आग्रह पर उस समय लिखी जब उन्हों ने इमाम ...

दुआ कैसे की जाए

दुआ कैसे की जाए
दुआ एक ऐसी चीज़ है जिससे इस दुनिया का कोई भी इन्सान इन्कार नहीं कर सकता है और हर इन्सान अपने जीवन में किसी न किसी चीज़ के लिये दुआ करते हुए दिखाई देता है।   मासूमीन की सीरत और ...

क़ुरबानी का फ़लसफ़ा और उसके प्रभाव

क़ुरबानी का फ़लसफ़ा और उसके प्रभाव
 सारी उम्मतों के लिये क़ुरबानी को जाएज़ करने का मक़सद यह था कि वह केवल अल्लाह तआला (जो एक है और उसका कोई सहयोगी नहीं है) के सामने सर झुकाएं और जो कुछ वह हुक्म दे उसी पर अमल ...

गुद मैथुन इस्लाम की निगाह मे

गुद मैथुन इस्लाम की निगाह मे
हस्त मैथुन की तरह गुद मैथुन (इग़लाम बाज़ी अर्थात लड़कों के साथ बुरा काम करना) भी केवल पुरूषों में नही है बल्कि दुनियाँ में गुद मैथुन क्रिया की शिकार औरतों में भी पाई जाती ...

मस्जिदे अक़्सा में ज़ायोनी हमला, क्षेत्र में तनाव।

मस्जिदे अक़्सा में ज़ायोनी हमला, क्षेत्र में तनाव।
अहलेबैत न्यूज़ एजेंसी अबनाः फ़िलिस्तीनी इंफ़ार्मेशन सेंटर की रिपोर्ट के अनुसार दर्जनों उग्रवादी ज़ायोनियों ने सोमवार की सुबह ज़ायोनी संसद के पूर्व सदस्य मोशे फ़िगलन ...

इंसान के जीवन पर क़ुरआने करीम के प्रभाव

इंसान के जीवन पर क़ुरआने करीम के प्रभाव
क़ुरआने करीम विभिन्न प्रकार से इंसान के जीवन को प्रभावित करता है।जैसे क़राअत, हिफ़्ज़, फ़ह्म और अमल के द्वारा यह प्रभाव इंसान के व्यक्तिगत और समाजिक दोनो जीवनों पर पड़ता ...

क़ुरआन सब से बड़ा मोजज़ा है।

क़ुरआन सब से बड़ा मोजज़ा है।
हमारा अक़ीदह है कि क़ुरआने करीम पैग़म्बरे इस्लाम (स.)का सब से बड़ा मोजज़ा है और यह फ़क़त फ़साहत व बलाग़त, शीरीन बयान और मअनी के रसा होने के एतबार से ही नही बल्कि और मुख़्तलिफ़ ...

सूर –ए- अनआम की तफसीर 2

सूर –ए- अनआम की तफसीर 2
पवित्र क़रआन के सूरए अनआम की 32वीं आयत में आया हैः संसार का जीवन खेल तमाशे के अतिरिक्त कुछ नहीं और परलोक, ईश्वर से डरने वालों के लिए सबसे अच्छा ठिकाना है। क्या तुम चिंतन नहीं ...

इस्लाम मक्के से कर्बला तक भाग 1

 इस्लाम मक्के से कर्बला तक भाग 1
       मुसलमानों का मानना है कि हर युग और हर दौर मैं अल्लाह ने इस धरती पर अपने दूत(संदेशवाहक/पैग़म्बर), अपने सन्देश के साथ इस उद्देश्य के लिए भेजे हैं कि अल्लाह के यह दूत ...

सुशीलता

सुशीलता
इस्लाम ने बातचीत में एवं व्यवहार में हमेशा अपने अनुयाइयों से नम्रता एवं भद्रता का आहवान किया है और अभद्रता एवं अशिष्टता से रोका है। इस लिए कि इस्लाम की यह शिक्षा जीवन में ...

** 24 ज़िलहिज्ज - ईद मुबाहिला **

** 24 ज़िलहिज्ज - ईद मुबाहिला **
मुबाहिला का वाकया हिजरी कैलन्डर के 9वें साल में हुआ। इस घटना में 14 ईसाई विद्वानों (नजरान) का एक दल इस्लाम की सत्यता पर तर्क करने हज़रत मोहम्मद (स:अ:व:व) के पास आया ! दोनों पक्षों ...

इस्लाम मक्के से कर्बला तक भाग 2

इस्लाम मक्के से कर्बला तक भाग 2
  लोगों का मानना है कि इसी समय हज़रत अबू तालिब ने भी इस्लाम कुबूल कर लिया था लेकिन मक्के के हालात देखते हुए उन्होंने इसकी घोषणा करना मुनासिब नहीं समझा. जब यह चाल भी नाकाम हो ...

अरब के प्रसिद्ध अभिनेता द्वारा सुप्रीम लीडर की प्रशंसा पर हंगामा।

अरब के प्रसिद्ध अभिनेता द्वारा सुप्रीम लीडर की प्रशंसा पर हंगामा।
अरब जगत के एक प्रसिद्ध अभिनेता, ईरान की इस्लामी क्रांति के वरिष्ठ नेता की प्रशंसा करने के कारण सऊदी अरब की मीडिया के निशाने पर हैं।सऊदी अरब के टीवी चैनल अल-अरबिया ने दूरैद ...

संतुलित परिवार में पति पत्नी की ज़िम्मेदारियां

संतुलित परिवार में पति पत्नी की ज़िम्मेदारियां
विवाह मानव जीवन के महत्वपूर्ण विषयों मे से एक है। विवाह एक पवित्र बंधन हैं। विवाह परिवारिक और सामाजिक तथा आध्यात्मिक दृष्टि से एक बहुत ही महत्वपूर्ण बंधन है। निःसन्देह, ...

यमन में अमरीका, इस्राइल और सऊदी अरब का षड़यंत्र

यमन में अमरीका, इस्राइल और सऊदी अरब का षड़यंत्र
अमेरिका और सऊदी अरब को यमन के आंतरिक मामलों में हस्तक्षेप के कारण इस देश के लोगों और क्रांतिकारियों की कड़ी प्रतिक्रिया का सामना है। यमन के क्रांतिकारी युवाओं के गठबंधन ...

हसद

हसद
हसद का मतलब होता है किसी दूसरे इंसान में पाई जाने वाली अच्छाई और उसे हासिल नेमतों की समाप्ति की इच्छा रखना। हासिद इंसान यह नहीं चाहता कि किसी दूसरे इंसान को भी नेमत या ...

अमरीकी दूतावास की गतिविधियों संदिग्धःसद्र गुट

अमरीकी दूतावास की गतिविधियों संदिग्धःसद्र गुट
बग़दाद में अमरीकी दूतावास की गतिविधियों के संबंध में सद्र गुट ने चेतावनी दी है। इराक़ की राजधानी बग़दाद में अमरीकी दूतावास में कर्मचारियों की बहुत अधिक संख्या से इराक़ ...

मुश्किलें इंसान को सँवारती हैं

मुश्किलें इंसान को सँवारती हैं
आज, जिस इंसान ने अपने लिए ऐशो आराम के तमाम साज़ो सामान मुहिय्या कर लिए हैं, वह उसी इंसान की नस्ल से है जो शुरु में गुफ़ाओ और जंगलों में ज़िन्दगी बसर करता था और जिसको चारों ...

नास्तिकता और भौतिकता

नास्तिकता और भौतिकता
नास्तिकता और भौतिकता का इतिहास बहुत प्राचीन है और ऐतिहासिक तथ्यों के आधार पर यह सिद्ध होता है कि जिस प्रकार प्राचीन काल से ही ईश्वर पर विश्वाश रखने वाले लोग थे उसी प्रकार ...

सूरए आराफ़ की तफसीर 2

सूरए आराफ़ की तफसीर 2
सूरए आराफ़ की आयत संख्या 31 और 32 में ईश्वर कहता है।  हे आदम की संतानो! हर मस्जिद के निकट (उपासना के समय) अपनी शोभा को धारण कर लो और खाओ पियो परंतु अपव्यय न करो कि ईश्वर अपव्यय ...